लॉकडाउन : फोन कीजिए घर बैठे मिलेगी सब्जी और फल, प्रशासन ने जारी किए मोबाइल नंबर

जिलाधिकारी प्रभु एन सिंह ने सोमवार को नगर निगम और प्रशासन के अन्य अधिकारियों के साथ बैठक कर डोर स्टेप डिलीवरी की व्यवस्था कर दी है। नगर आयुक्त अरुण प्रकाश ने इस संबंध में निर्देश जारी किए हैं। 

आपको सिर्फ दिए मोबाइल नंबर पर फोन करना है, फल और सब्जी आपके घर पहुंच जाएंगी। सभी पार्षदों ने अपने-अपने वार्ड में फल और सब्जी विक्रेताओं को चिन्हित किया है जो डोर स्टेप डिलीवरी करेंगे। घर बैठे सब्जी और फल मंगाने के लिए तीन मोबाइल नंबर जारी किए हैं। ये नंबर हैं- 9058512391, 9068311511 और 9997995812। 

जो विक्रेता ऑनलाइन फल और सब्जी बेचना चाहते हैं, वे मंडी सचिव के मोबाइल पर 7500600033 पर जानकारी ले सकते हैं। फल और सब्जी की व्यवस्था का अधिकार प्राप्त करने के लिए नगर निगम के अपर मुख्य आयुक्त से मोबाइल नंबर 7300740601 पर संपर्क करें।

आदेश झुगारुन काम सुरू ठेवणाऱ्या ठवकर, बजाज शोरूमवर लाखोंचा दंड

एकीकडे कोरोनाचा संसर्ग वाढू नये यासाठी जिल्हा आणि मनपा प्रशासन दिवसरात्र एक करीत आहे तर दुसरीकडे प्रशासनाच्या आदेशाला झुगारून काही खासगी कंपन्यांकडून कर्मचाऱ्यांना कामावर बोलावले जात आहे. असा आदेश झुगारणाऱ्या दोन कंपन्यांना सोमवारी (ता. २४) मनपाच्या उपद्रव शोध पथकाने दीड लाखांचा दंड ठोठावला.

शहरातील सर्व खासगी, कॉर्पोरेट व अन्य आस्थापना ३१ मार्चपर्यंत बंद ठेवण्याचे निर्देश मनपा आयुक्तांनी दिलेले आहेत. असे असतानाही वर्धमान नगर येथील ठवकर कंपनीतील सुमारे ६०-७० लोकांना कामावर बोलावण्यात आले होते. कंपनीचे शटर बंद ठेवून त्यांच्याकडून काम करवून घेतले जात होते.

मनपाच्या नियंत्रण कक्षाकडे याबाबत माहिती मिळताच मनपा आयुक्त तुकाराम मुंढे यांच्या निर्देशानुसार लकडगंज झोनचे सहायक आयुक्त सुभाष जयदेव आणि उपद्रव शोध पथकाच्या चमूने सदर कंपनीवर धाड टाकली. तक्रारीनुसार तेथे सुमारे ६० ते ७० कर्मचारी काम करताना आढळून आले. कोरोना संदर्भात साथ रोग नियंत्रण कायद्याखाली मनपा आयुक्तांनी काढलेल्या आदेशाचे उल्लंघन झाल्याचे लक्षात येताच मनपाच्या अधिकाऱ्यांनी सदर कंपनीवर एक लाख रुपयांचा दंड ठोठावला.

बजाज शो रुमवरही कारवाई
वर्धमान नगरमधीलच हनी सागर अपार्टमेंट येथे बजाजचे शो रुम आहे. याठिकाणीसुद्धा मागील गेटने कामगारांना आत घेऊन तेथे काम सुरू ठेवण्यात आले होते. याबाबतही मनपाच्या नियंत्रण कक्षाला माहिती मिळताच अधिकाऱ्यांनी तेथेही धाड मारली. आदेशाचे उल्लंघन झाल्याचे लक्षात येताच शो रुम मालकाला ५० हजार रुपयांचा दंड ठोठावण्यात आला. वेळोवेळी सांगूनही जर नागरिक कायद्याचे उल्लंघन करीत असेल तर यापेक्षाही कडक कारवाई करण्यात येईल, असा इशारा मनपा आयुक्त तुकाराम मुंढे यांनी दिला आहे.

COVIDIOTS Are disciplined by Nagpur Street Roaming Police Officers

Nagpur: Scare about coronavirus is genuine. If you still take it lightly, reconsider, before it’s too late. In India the COVID-19 cases are rapidly rising. The count is getting close to 500-mark. State and central governments in the aftermath of the coronavirus outbreak are taking drastic measures to curb the spread. Many states are under curfew and lockdowns which are badly affected by the deadly virus.

People are asked to stay home when shutting down malls, offices and public spaces. But there are some,’covidiots’ who loiter on the streets amid several warnings. Police authorities have come up with the best way to deal with the case.

They punish those who are wandering found on the streets breaching the lockout policy on coronavirus. Images have gone viral on social media showing cops prosecuting certain covidiots for refusing to comply with the restrictions during the pandemic.

With the coronavirus outbreak in India, several instances came that demonstrated the stupidity of people not taking the situation seriously and doing the exact opposite they were told to do.

The Janata Curfew on March 22, is the latest instance where people were seen gathering, banging utensils, in huge rallies in different parts of the world. But police are in practice now!

Nagpur lockdown: IT firms are allowed to work with 5 pc staff.

Nagpur: Firms under the Vidarbha Association of Software Exporters based at IT Park Parsodi in Nagpur will be allowed to work with five per cent of staff, the district administration said on Monday.

The decision was taken after these firms had approached the administration to grant them a partial exemption from the lock-up rules in place due to a novel coronavirus outbreak.

The administration asked the association to take steps to ensure that workers are not infected with coronavirus, failing which action will be taken under the IPC and the Disaster Management Act, 2005.

लाकडाउन : सख्ती से निपटे मनपा और पुलिस

नागपुर. कोरोना के लगातार बढ़ते प्रभाव और तीसरे चरण में जाने से रोकथाम को लेकर मनपा, जिला प्रशासन और पुलिस की ओर से हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं. पुलिस ने धारा 144 लागू कर लोगों की भीड़ जमा होने पर रोक लगाने का प्रयास भी किया है, लेकिन तीसरे चरण में जाने से यदि बचना हो तो सोशल डिस्टेंसिंग को लागू करना अनिवार्य है, जिसे सख्ती से लागू किया जाना चाहिए. तमाम प्रयासों के बावजूद सड़कों पर लोगों को आने से रोकने के लिए उपाय पर्याप्त दिखाई नहीं दे रहे हैं.

इससे सड़कों पर एक व्यक्ति भी न आ सके तथा वाहनों पर भी इस तरह की पाबंदी लगाने के लिए कड़े कदम उठाने के आदेश न्यायाधीश सुनील शुक्रे और न्यायाधीश अविनाश घारोटे ने पुलिस आयुक्त, जिलाधिकारी को जारी किए. अदालत ने आदेश में कहा कि समय रहते यदि इस तरह के आदेश जारी किए गए तो लंबे समय तक कोरोना से बचा जा सकेगा.

बचाव किट की किल्लत
सोमवार को सुनवाई के दौरान अदालत मित्र की ओर से बताया गया कि कोरोना से बाधित मरीजों को स्वास्थ्य सेवाएं देनेवाले डाक्टरों, नर्स स्टाफ और सफाई कर्मचारियों को बाधित होने से बचने के लिए हजमेट किट की आवश्यकता होती है, लेकिन वर्तमान में बचाव के इस किट की काफी किल्लत है. इसे गंभीरता से लेते हुए अदालत ने राज्य सरकार को किल्लत की ओर विशेष रूप से ध्यान देने और संभवत: एक सप्ताह के भीतर इस तरह की किट प्रत्येक स्वास्थ्य सुविधा के अस्पतालों तथा एमएलए होस्टल में निर्मित किए गए आइसोलेशन वार्ड में उपलब्ध कराने के आदेश दिए.

अदालत को बताया गया कि कोरोना की जांच के लिए लैब स्थापित करने के निर्देश दिए गए थे, जिसके अनुसार अकोला और मेडिकल कालेज एवं अस्पताल के लिए राज्य सरकार की ओर से मंजूरी प्रदान की गई है. इसी तरह यवतमाल, गड़चिरोली, चंद्रपुर जैसे क्षेत्रों में भी 2 सप्ताह के भीतर लैब सुनिश्चित करने के आदेश सरकार को दिए.

विदर्भ के जेलों में बनाएं आइसोलेशन वार्ड
अदालत मित्र की ओर से बताया गया कि न तो सेंट्रल जेल में आइसोलेशन वार्ड बनाया गया और न ही घरेलू उड़ानों से नागपुर एयरपोर्ट पर आनेवाले यात्रियों की स्क्रिनिंग की जा रही है, जिसे गंभीरता से लेते हुए अदालत ने यदि सेंट्रल जेल और विदर्भ के अन्य जेलों में आइसोलेशन वार्ड निर्मित नहीं किए गए हो तो एक सप्ताह के भीतर विदर्भ के सभी जेलों में आइसोलेशन वार्ड निर्मित करने की दिशा में कदम उठाने के आदेश राज्य सरकार को दिए.

साथ ही अदालत ने नागपुर एयरपोर्ट पर घरेलू उड़ानों से आ रहे यात्रियों की स्क्रीनिंग स्थिति में सुधार होने तक सुनिश्चित करने के आदेश भी सरकार को दिए. अदालत ने केंद्र सरकार, राज्य सरकार और स्थानीय प्रशासन को पुणे की नेशनल इंस्टीट्यूट आफ वायरोलाजी के साथ समन्वय रखते हुए पर्याप्त मात्रा में टेस्टिंग किट सुनिश्चित करने के आदेश भी दिए.

23 placed under home quarantine in Nagpur as a precaution

To date, Nagpur has seen four positive coronavirus patients. (Express photo: Prashant Nadkar) TEN tourist guides and 13 Gypsy drivers in the Pench Tiger Reserve (PTR) in the Nagpur district have been placed in home quarantine as a precautionary measure since they came into contact with foreign tourists before the government ordered the closure of all national parks, sanctuaries and tiger reserves for tourists on 18 March.

“We have been told by the local Sub-Divisional Magistrate to get all of them checked. We have followed the Directive. They’ve all had no symptoms, but we’ve put them in quarantine at home for fourteen days. “The governor said,” Tourists came from the UK and visited the park on March 14 and 17 in two groups of nine and 20 members.

Nagpur preparing 100-bed ICU facility

The Nagpur district administration is in the process of preparing a 100-bed ICU facility at the city’s Government Medical College and Hospital. District Guardian Minister Nitin Raut issued a directive to that effect during a review meeting with officials in Nagpur on Monday.

Raut also called on private businesses and companies not to cut workers ‘ salaries.

“The condition of all four positive patients is good, and the first patient would qualify for discharge on March 25 if all of his tests come negative,” said Sanjiv Kumar, Divisional Commissioner. “If all goes well, the remaining three will be discharged on March 27 too,” he said.

कामगारांचे वेतन कपात करु नये पालकमंत्री डॉ. नितीन राऊत यांचे आवाहन

कोरोना साथीच्या पार्श्वभूमीवर जीवनावश्यक वस्तुंची पुरेशी उपलब्धता असून, नागरिकांनी यासाठी गर्दी करु नये तसेच औद्योगिक तसेच खाजगी आस्थापनेवर असलेल्या कामगारांची वेतन कपात करु नये, असे आवाहन पालकमंत्री डॉ. नितीन राऊत यांनी केले आहे.

कोरोनासंदर्भात जनतेमध्ये पसरलेला गैरसमज दूर करतानाच वैयक्तिक स्वच्छतेच्या संदर्भात स्वयंसेवी (एनजीओ) संस्थांनी पुढाकार घेण्याचे आवाहनही यावेळी पालकमंत्र्यांनी केले.

विभागीय आयुक्त कार्यालयात आज पालकमंत्री डॉ. राऊत यांनी विविध घटकांशी संवाद साधला. त्यात खासगी वैद्यकीय व्यावसायिक, उद्योजक, व्यावसायिक आणि अशासकीय संस्थांच्या प्रतिनिधींचा समावेश होता. विभागीय आयुक्त डॉ. संजीव कुमार, जिल्हाधिकारी रवींद्र ठाकरे, अपर आयुक्त अभिजित बांगर, वनराई संस्थेचे विश्वस्त गिरीश गांधी, विदर्भ इंडस्ट्रीज असोसिएशनचे सुरेश राठी, प्रताप मोटवानी, संतोष अग्रवाल, श्री. वाधवानी, नंदू गौर, अजय पाटील, कौस्तुभ चटर्जी, लिना बुधे, रोटरी क्लबचे प्रतिनिधी प्रामुख्याने उपस्थित होते.

प्रशासनाच्या अथक प्रयत्नाने कोरोना रुग्णांची संख्या सद्या स्थिर असून, ही सकारात्मक बाब असल्याची माहिती देऊन पालकमंत्री म्हणाले. सध्या नागपूर शहरात जीवनावश्यक वस्तुंचा कोणताही तुटवडा नाही. त्यासाठी नागरिकांनी बाजारात गर्दी करु नये. जीवनावश्यक वस्तुंचा काळाबाजार करणा-यांवर कठोर कारवाई करण्याचे निर्देश डॉ. राऊत यांनी प्रशासनाला दिले.

कोरोनाला प्रतिबंध हे मानवी जातीशी विषाणूचे असलेले महायुद्ध आहे. त्यात विषाणूला हरवण्यासाठी प्रशासन सर्वतोपरी प्रयत्न करत आहे. कोरोनासाठी शासकीय वैद्यकीय महाविद्यालयात स्वतंत्र वॉर्ड तयार करणार असल्याचे सांगून पालकमंत्री राऊत म्हणाले

नागपुरातील महत्त्वाच्या स्वयंसेवी संस्थांनी कोरोना साथीविषयी जनजागृती व प्रचार-प्रसार करण्यासाठी काम करावे. उद्योजकांनी सॅनिटायझर, मास्क –गाऊनचे उत्पादन करुन पुरवठा करावा. निराधार, बेघर, आजारी व्यक्तीस मदतीचा हात द्यावा. जिल्हा प्रशासनातर्फे हेल्पलाईन जाहिरात प्रसिद्ध करण्यात येणार आहे. अशा कठीण प्रसंगी सर्वांनी मिळून काम करु या, असे आवाहन त्यांनी केले. समाजातील सर्व घटकांनी यथाशक्ती सहयोग दिल्यास कोरोनाविरुद्धची लढाई आपण जिंकू शकतो, असाही आशावाद त्यांनी व्यक्त केला.

शासकीय वैद्यकीय महाविद्यालयात कोरोनासाठी स्वतंत्र सुविधा
कोरोना प्रतिबंधक उपाययोजनांसाठी शासकीय वैद्यकीय महाविद्यालयात तपासणीसह उपचारासाठी आवश्यक सर्व सुविधा उपलब्ध असल्यामुळे प्रभावी व परिणामकारक उपचार सुरु आहेत. भविष्यातील परिस्थिती लक्षात घेता शासनासोबत खासगी वैद्यकीय व्यावसायिकांचे सहकार्य आवश्यक आहे. या आपत्तीचा सामना करण्यासाठी सर्वांनी सतर्क राहण्याचे आवाहन पालकमंत्री डॉ. नितीन राऊत यांनी केले आहे.

शासकीय वैद्यकीय महाविद्यालयात कोरोना उपचारासाठी विविध सुविधा निर्माण करण्यात येत आहेत. यामध्ये 100 खाटांचे स्वतंत्र अतिदक्षता कक्ष प्राधान्याने पूर्ण करण्यासोबतच दीड हजार खाटा यासाठी आरक्षित ठेवण्यासंदर्भात नियोजन करण्याच्या सूचना पालकमंत्र्यांनी यावेळी दिल्यात.

महाविद्यालयात येणा-या दैनंदिन रुग्णांच्या उपचारासाठी तसेच दाखल करण्यासाठी शहरातील रुग्णालयांचे सहकार्य आवश्यक असल्याचे सांगताना पालकमंत्री म्हणाले की, वैद्यकीय व्यावसायिकांनी सामाजिक भावनेतून यासाठी सहकार्य करावे. कोरोना रुग्णांवर उपचारासाठी वैद्यकीय क्षेत्रातील तज्ञांची तसेच साहित्याचीही आवश्यकता भासल्यास ती उपलब्ध करुन देण्यासाठी पुढाकार घेण्याचे आवाहन केले.

आमदार निवास येथे सुरु असलेल्या विलगीकरण केंद्रात स्वच्छतेसह आवश्यक सुविधा तात्काळ पुरविण्याच्या सूचना सार्वजनिक बांधकाम विभागाला यावेळी त्यांनी दिल्यात.

संचारबंदीदरम्यान सहकार्याचे आवाहन
कोरोनाचा प्रादुर्भाव टाळण्यासाठी राज्यात आजपासून संचारबंदी व जिल्हाबंदी लागू करण्यात आल्याची घोषणा मुख्यमंत्र्यांनी केली आहे. त्या पार्श्वभूमीवर नागपुरातही सद्यसि्थतीचा आढावा डॉ. नितीन राऊत यांनी घेतला. या कालावधीत सर्व धर्मियांची प्रार्थनास्थळे बंद राहतील. मात्र अत्यावश्यक सेवेतील वाहनांना सवलत दिली जाणार आहे. मात्र ही वाहने प्रशासनाकडून प्राधिकृत करुन घेणे आवश्यक आहे. जीवनावश्यक वस्तुंचा पुरवठा या कालावधीत नियमित सुरु राहणार आहे, असे पालकमंत्र्यांनी सांगितले. जीवनावश्यक वस्तू, औषधे, अन्न धान्य तसेच त्यांची ने आण करणारी वाहने सुरु राहतील. पशू खाद्य मिळेल, पशूंचे दवाखानेही उघडे राहतील. कृषीमालाशी सबंधित वाहतूक सुरु राहील, असेही ते म्हणाले.

‘कोरोना’ रुग्णांच्या सेवेसाठी पुढाकार घ्या!

‘कोरोना’वर मात करण्यासाठी जिल्हा प्रशासन, मनपा प्रशासन यांच्यासह संपूर्ण आरोग्य यंत्रणा कामाला लागली आहे. या आरोग्य यंत्रणेच्या साथीला वैद्यकीय क्षेत्रातील सेवानिवृत्त अधिकारी कर्मचाऱ्यानी यावे, असे आवाहन नागपूर महानगर पालिकेच्या वतीने करण्यात आले आहे.

‘कोरोना’शी लढा देण्यासाठी संपूर्ण आरोग्य यंत्रणा दिवसरात्र काम करीत आहे. काळजी घेण्याचे नागरिकांना आवाहन करण्यात आले आहे. तरीही भविष्यात गंभीर परिस्थिती उद्भवली तर आरोग्य यंत्रणाही तोकडी पडण्याची शक्यता आहे. हे लक्षात घेता यापूर्वी निमलष्करी दल, सैनिकी सेवा, शासकीय आरोग्य सेवा, मनपा आरोग्य सेवा आदी ठिकाणी सेवा देऊन सेवानिवृत्त झालेले वैद्यकीय अधिकारी, कर्मचारी, डीएमएलटी असलेले व्यक्ती आदिंनी स्वतः पुढाकार घेऊन कोरोनाशी एकत्रितपणे लढा देण्यासाठी आरोग्य सेवा द्यावी, असे आवाहन करण्यात आले आहे.
जे व्यक्ती ही सेवा देण्यास इच्छुक आहेत, त्यांनी मनपाचे सहायक वैद्यकीय आरोग्य अधिकारी डॉ. प्रवीण गंटावार यांचेशी ९८२२५६९२१३ या मोबाईल क्रमांकावर संपर्क साधावा, असे मनपाद्वारे कळविण्यात आले आहे.

Metro Services Suspended in town until 31 March

Just as Maha Metro Metro Services was expected to be on hold for the whole day on March 22nd following Janta Curfew’s wake, we now see the officials calling for the full shutdown of the Metro services until March 31, 2020. All thanks to the COVID-19 pandemic that made huge media headlines and the complete shutdown declared by the Union Government of India along with the Maharashtra State Government to combat the virus, the Nagpur Metro train services were swift to shut down their services in the area.

The officials took the decision to suspend all of the city’s metro services, which was taken to hamper the spread of the virus in the area. There are more than five cases of COVID 19 in the town so far, and so it has put the services on hold until that time. The city has also experienced other businesses, such as malls, hotels, movie theatres, and stores, having already been shut down following orders from the government. This should help people remain indoors and have a low chance of getting this disease transmitted.

The commuters along with the Maha Metro staff were subjected to routine testing for the virus using Infrared Thermometer even during the metro’s service. The Metro offices also saw the Awareness campaign coming out, and stations even sought the support of social media. The Corona Virus knowledge was also seen on TV screens, boards, and was even aired via the public address system.

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